(ये अंदर की बात है) समझदारो को इशारा काफी है। ये सब राज की बात है।
रिपोर्टर:- नरसिंग बोल्लम रीड पब्लिक न्यूज भारत मिडिया नेटवर्क
चंद्रपूर एक कार्यक्रम मे पुर्व सांसद मा.नरेश पुगलिया जी ने मौलाना और ट्रस्टी के विषय को लेकर मुसलमानो को संदेश दिया। इस संदेश मे आने वाले समय मे कुछ न कुछ बात है। कौम बुद्धीजिवी हो गई है ज्ञान की बाते समझती है। पुर्व सांसद के कार्यालय जो कार्यक्रम रखा गया।था। पुर्व सांसद को कार्यक्रम से कोई मतलब नही था। पुर्व सांसदजी के (मनकी बात) कार्यक्रम के माध्यम से मुसलमानो को कुछ मैसेज देना था।
इस कार्यक्रम मे कुछ मुसलमान भाई थे। पूर्व सांसद नरेश पुगलीयाजी दरगाह मे चप्पल पहनकर घुसे बोलकर बदनाम करने वाले राजा खान के समर्थक करीबी थे। जिन्दो ने दरगाह को लेकर बवाल पैदा किया था। जिन लोगो ने पुगलिया के खिलाप मोर्चा भी निकाला था। और नारे भी लगाये थे। नरेश पुगलिया की क्या पहचान वाले खोलो… अपना मतलब साधने के लिये सब भूल जाना पडता है। ऐसा लगा की ऐसा कुछ हुआ था ही नही सब भूल गये।
पुर्व सांसद मा. नरेश पुगलिया जी को उस वक्त मुसलमानो ने बहुत परेशान कीया था। इस बात को लेकर वर्तमान मे भी परेशानी दिखते है। क्यो की बोलते समय उनकी फेस रिडिंग झलकती नजर आती है।
संस्थापक – आशिक हुसेन,
(मुस्लिम एक्शन कमेटी) जिला चंद्रपूर।
ये अंदर की बात है) समझदारो को इशारा काफी है। ये सब राज की बात है।
संपादक


