दुनिया की पहली लंग कैंसर रोकने वाली वैक्सीन का मानव परीक्षण शुरू — ‘LungVax’ नामक टीका हाई-रिस्क समूह में क्रियाशील होगा
लंदन ः शोधकर्ताओं ने लंग कैंसर से बचाव के क्षेत्र में एक मील का पत्थर स्थापित करते हुए ‘LungVax’ नामक वैक्सीन विकसित की है, जिसका पहला मानव परीक्षण अगले वर्ष 2026 की गर्मियों में शुरू किया जाएगा।
यह टीका उन लोगों के लिए है जो लंग कैंसर के उच्च जोखिम में हैं — जैसे धूम्रपान करने वाले या जिनकी फेफड़ों में पहले से असामान्य बदलाव पाए गए हों।
लंग कैंसर के प्रति खतरा एवं इस टीके की कार्यप्रणाली
• लंग कैंसर दुनिया भर में मृत्यु का प्रमुख कारण है, विशेषकर उच्च-जोखिम समूहों में।
• यह वैक्सीन कोविड-19 वैक्सीन जैसी तकनीक पर आधारित है। यह इम्यून सिस्टम को ऐसे असामान्य फेफड़ों की कोशिकाओं को पहचानने के लिए प्रेरित करती है, जिनका भविष्य में कैंसर में परिवर्तित होने का जोखिम होता है।
• परीक्षण के पहले चरण में इन कोशिकाओं पर पाए जाने वाले “नीओएंटिजेन” नामक प्रोटीन को टार्गेट किया जाएगा, ताकि कैंसर शुरू होने से पहले रोकथाम हो सके।
मानव परीक्षण की जानकारी
पहले चरण (फेज-1) के ट्रायल में मुख्य रूप से निम्न श्रेणियों के लोग शामिल होंगेः
- शुरुआती चरण लंग कैंसर का इलाज कर चुके मरीज
- जो फेफड़ों की स्क्रीनिंग में उच्च जोखिम में पाए गए हों
ये परीक्षण 2026 की गर्मियों में प्रारंभ होंगे और इसका उद्देश्य टीके की सही खुराक, साइड-इफेक्ट्स तथा प्रारंभिक सुरक्षा मापदंड जानना है।
भविष्य की संभावनाएँ
शोधकर्ता मानते हैं कि यदि इस ट्रायल में सकारात्मक परिणाम मिलते हैं, तो आगे के चरणों में व्यापक संख्या में उच्च-जोखिम समूहों में इसका प्रयोग किया जा सकता है। बताया गया है कि यह लंग कैंसर की रोकथाम के लिए एक नया मार्ग खोल सकता है।


