चंद्रपुर बल्लारपुर के टिलक वार्ड निवासी रंजीत उर्फ कटरनी निषाद की लाश 19 दिन बाद मानोली गांव के खेत मे मीली कंकाल
रिपोर्टर:- नरसिंग बी बोल्लम रिड पब्लिक न्यूज 24 भारत मिडिया नेटवर्क
दिनांक:- 29 अगस्त 2025
चंद्रपुर बल्लारपुर के टिलक वार्ड निवासी नाबालिग रंजीत उर्फ कटरनी दिनेश निषाद (17) 8अगस्त की रात से लापता था। पूरे 19 दिन बाद उसकी लाश मानोली गांव के खेत परिसर के पास झाड़ीदार जंगल में कंकाल अवस्था में मिला है। इस घटना से जिले भर में सनसनी फैल गई है। मिली जानकारी के अनुसार, 8 अगस्त की रात करीब 11:30 बजे रंजीत अपने सात दोस्तों के साथ राजुरा तहसील क्षेत्र के गौरी सास्ती स्थित गुप्ता कोल वॉशरी और वेकोली परिसर में घूमने गया था। लेकिन वह वापस नहीं लौटा। अगले दिन उसके साथ गए युवकों को राजुरा पुलिस ने चोरी के आरोप में गिरफ्तार किया, लेकिन रंजीत उनके बीच नहीं था। इस दौरान उसका मोबाइल फोन दाऊद नामक युवक ने पुलिस को सौंपा। इसी आधार पर रंजीत के परिजनों को उसके दोस्तों पर गहरा संदेह हुआ। रंजीत की माँ राजारानी और पिता दिनेश निषाद ने पत्रकार परिषद लेकर पुलिस प्रशासन से मांग की थी, कि लापता बेटे की खोज की जाए या फिर पूरे प्रकरण की जाँच सीआईडी से कराई जाए। उन्होंने यह भी कहा था कि बाबापुर, कढोली, मानोली और कोलगांव इलाके में रात के समय कोयला खदानों और ट्रकों से बैटरी व डीजल चोरी की घटनाएँ अक्सर होती रहती हैं। इसी कारण रंजीत की गुमशुदगी के पीछे कोई गंभीर साजिश होने की संभावना जताई जा रही थी। आखिरकार 19 दिन बाद मानोली गांव के खेत परिसर के पास झाड़ियों में उसकी लाश कंकाल अवस्था में बरामद हुई है। लाश की स्थिति इतनी खराब थी कि मृत्यु के कारणों का पता अभी तक नहीं चल सका है। पूरे मामले की आगे की जांच राजुरा पुलिस कर रही है। परिजनों की अब यह मांग और तेज हो गई है कि पूरे मामले की सीआईडी जांच कर दोषियों को सख्त से सख्त सजा दी जाए। राजुरा पुलिस की ढुलमूल कार्यवाही के चक्कर में गई रंजीत की जान परिजनों ने लगाए आरोप।